रेलवे ग्रुप D भर्ती प्रक्रिया के तहत आयोजित फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों को निराशा हाथ लगी है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार 1,032 उम्मीदवार 1000 मीटर दौड़ पूरी नहीं कर सके, जिसके कारण वे फिजिकल टेस्ट में असफल घोषित हुए। इस बार सबसे बड़ी चुनौती 1000 मीटर की दौड़ साबित हुई, जबकि उमस और गर्म मौसम ने अभ्यर्थियों की मुश्किलें और बढ़ा दीं।
परीक्षा से जुड़े मुख्य विवरण
- तारीख और स्थान: 25 से 28 जुलाई (31 जुलाई रिजर्व डे), डीएसए ग्राउंड, प्रयागराज।
- कुल अनुपस्थिति और उपस्थिति: 3,736 उम्मीदवारों में से 2,654 शामिल हुए, जबकि 1,169 अनुपस्थित रहे।
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शारीरिक दक्षता परीक्षा के मान
- महिला उम्मीदवार: 1,000 मीटर की दौड़ 5 मिनट 40 सेकंड में; 20 किलोग्राम वजन उठाकर 100 मीटर की दूरी 2 मिनट में।
- पुरुष उम्मीदवार: 1,000 मीटर की दौड़ 4 मिनट 15 सेकंड में; 35 किलोग्राम वजन उठाकर 100 मीटर की दूरी 2 मिनट में।
मुख्य परेशानियां और नियम
- मौसम का असर: चिपचिपी गर्मी और उमस के कारण कई उम्मीदवारों की तबीयत बिगड़ी, दौड़ के बाद कई मैदान पर लेटे दिखे।
अगली प्रक्रिया: पास होने वाले उम्मीदवारों को अब दस्तावेज सत्यापन (Document Verification) और मेडिकल टेस्ट के लिए बुलाया जाएगा
मुख्य बातें
- PET तिथि: 25 से 28 जुलाई
- फेल उम्मीदवार: 1,032
- सबसे कठिन चरण: 1,000 मीटर दौड़
- 35 किलोग्राम वजन उठाकर 100 मीटर चलने वाले टेस्ट में अधिकांश पुरुष उम्मीदवार सफल रहे।
- उमस और गर्मी के कारण कई अभ्यर्थियों की तबीयत भी बिगड़ी।
गर्भवती महिला उम्मीदवार को बाद में मिलेगा मौका
- PET के दौरान बिहार की एक गर्भवती महिला अभ्यर्थी भी परीक्षा देने पहुंचीं। मेडिकल जांच में गर्भवती पाए जाने के बाद रेलवे अधिकारियों ने सुरक्षा कारणों से उन्हें परीक्षा में शामिल नहीं होने दिया। रेलवे के नियमों के अनुसार, डिलीवरी के छह माह बाद उन्हें दोबारा PET देने का अवसर मिलेगा।
कुल कितने पदों पर होगी भर्ती?
- इस भर्ती अभियान के माध्यम से रेलवे में 32,438 ग्रुप-डी पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी।
आगे क्या होगा?
PET में सफल उम्मीदवारों को अब:
- डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन (DV) के लिए बुलाया जाएगा।
- इसके बाद मेडिकल टेस्ट आयोजित होगा।
- सभी चरण पूरे होने के बाद अंतिम मेरिट सूची जारी की जाएगी।